29 नवंबर को फिर से लॉन्च होगा Twitter Blue सब्सक्रिप्शन, ब्लू टिक के लिए करना 7.99 डॉलर भुगतान

मस्क द्वारा हाल ही में Twitter blue पेश किया गया था. जिसके तहत यूजर्स को ब्लू टिक के लिए 7.99 डॉलर भुगतान करने की बात कही गई थी. मस्क के इस सर्विस के बाद कई फर्जी एकाउंट भी वेरीफाई हो गए. इसके बाद कंपनी ने इस फीचर को तत्काल संस्पेंड कर दिया.

29 नवंबर को फिर से लॉन्च होगा Twitter Blue सब्सक्रिप्शन, ब्लू टिक के लिए करना 7.99 डॉलर भुगतान
एलन मस्क

एलन मस्क के ट्वीटर के नए CEO  बनने के बाद कई बदलाव कि घोषणाएं सामने आई हैं, मस्क द्वारा हाल ही में Twitter blue पेश किया गया था. जिसके तहत यूजर्स को ब्लू टिक के लिए 7.99 डॉलर भुगतान करने की बात कही गई थी. मस्क के इस सर्विस के बाद कई फर्जी एकाउंट भी वेरीफाई हो गए. इसके बाद कंपनी ने इस फिचर को तत्काल संस्पेंड कर दिया.

अब मस्क ने इसे फिर से पेश करने की तैयारी कर ली गई है. एलन मस्क ने ट्वीट के ज़रिए बताया है कि ब्लू टिक को 29 नवंबर को रिलॉन्च किया जाएगा. इसके असावा मस्क ने एक ट्वीट में कहा की सभी अकाउंट से ब्लू चेकमार्क को हटा दिया जाएगा. जिन यूज़र्स के पास ब्लू टिक है, उन्हें फिर से पैसे देकर इसके लिए अप्लाई करना होगा.

भारत में ब्लू सब्सक्रिप्शन की कीमत को लेकर कहा जा रहा है कि इसके लिए यूज़र्स को 719 रुपये हो सकती है. हालांकि ये भी  कहा जा रहा है कि इस कीमत में बदलाव होने की संभावना है.


ऑफिशियल बैज या हाईलाइट सेलेब्रेटी में कैसे होगी पहचान?

इसके साथ ही मस्क से  ट्वीट के थ्रेड में जब ऑफिशियल बैज या हाईलाइट सेलेब्रेटी को लेकर सवाल किया गया तो मस्क ने कहा कि ये फैसला कर पाना मुश्किल है कि कौन सेलिब्रिटी और कौन नहीं. उनका कहना है कि यह फर्क जानने के लिए उस अकाउंट के फॉलोअर्स की संख्या देखी जाएगी और साथ ही यह पता लगाया जाएगा कि वह किसी दूसरे के नाम से तो नहीं बनाया गया.

44 अरब डॉलर में ट्विटर डील 

बता दें कि बीते अक्टूबर महीने में ही दुनिया के सबसे अमीर एलन मस्क ने मौजूदा शर्तों के आधार पर Twitter Deal को 44 अरब डॉलर में फाइनल किया था. यह टेक जगत की अब तक की तीसरी सबसे बड़ी डील है. 

Twitter में आधे कर्मचारियों की छंटनी

एलन मस्क ने ट्वीट की कमान हाथ में लेने के बाद की गई छंटनी से पहले ट्वीटर में 7500 कर्मचारी काम कर रहे थे, लेकिन इनमें से लगभग आधे कर्मचारी को बाहर कर दिया गया है. जो कर्मचारी बचें हैं वह रात दिन काम करने को मजबूर हैं.  कंपनी में ऑपरेशन क्लीन की शुरुआत करते हुए मस्क ने सबसे पहले सीईओ पराग अग्रवाल समेत तीन वरिष्ठ अधिकारियों को बाहर किया,  फिर बोर्ड में शामिल सभी डायरेक्टर्स की छुट्टी कर दी और उसके बाद ताबड़तोड़ कर्मचारियों की छंटनी की.