राजस्थान सीएम और डिप्टीसीएम दोनों आपस में बात नहीं करते हैं. मंत्री अफसर एक दूसरे से लड़ रहे हैं.....! वसुंधरा राजे का बड़ा बयान

राजस्थान की पूर्व मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे सिंधिया ने मुख्यमंत्री अशोक गहलोत और डिप्टी सीएम सचिन पायलट के बीच चल रहे विवाद पर बड़ा बयान दिया है. वसुंधरा राजे ने कहा कि राजस्थान के राज्य के मुख्यमंत्री और उप मुख्यमंत्री की आपस में बनती नहीं...

राजस्थान सीएम और डिप्टीसीएम दोनों आपस में बात नहीं करते हैं. मंत्री अफसर एक दूसरे से लड़ रहे हैं.....! वसुंधरा राजे का बड़ा बयान
राजस्थान की पूर्व मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे सिंधिया

भारतीय जनता पार्टी की राष्ट्रीय अध्यक्ष और राजस्थान की पूर्व मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे सिंधिया ने मुख्यमंत्री अशोक गहलोत और डिप्टी सीएम सचिन पायलट के बीच चल रहे विवाद पर बड़ा बयान दिया है. वसुंधरा राजे ने कहा कि राजस्थान के राज्य के मुख्यमंत्री और उप मुख्यमंत्री की आपस में बनती नहीं. वो दोनों आपस में बात तक नहीं करते हैं. मंत्री अफसर एक दूसरे से लड़ रहे हैं. जनता के लिए किसी के पास समय नहीं है. कांग्रेस सरकार का काउंटडाउन शुरू हो गया है.

वसुंधरा राजे सिंधिया ने जन आक्रोश यात्रा के शुभारंभ के अवसर पर वसुंधरा राजे सिंधिया ने कहा कि कार्यकर्ता मीडिया और पोस्टरों में नहीं बल्कि जनता में दिखने की होड़ करें. कार्यकर्ता पीएम मोदी और राजस्थान की पिछली भारतीय जनता पार्टी की सरकार के काम लोगों तक पहुंचाएं. अगर आप चाहते हैं कि पार्टी जीत के रिकॉर्ड तोड़े तो अधिक आत्मविश्वास में रहने के बजाय एकजुट और एक सुर होकर मेहनत करें. राजे ने कहा कि एकजुटता से 'न भूतो, न भविष्यति' वाली जीत होगी.

गहलोत-पायलट के विवाद पर वसुंधरा का बयान 

वसुंधरा राजे सिंधिया ने कहा कि साल 2003 में बीजेपी को 120 और 2013 में 163 सीटें मिली थीं. कांग्रेस ने इसके बाद 2 बार सरकार बना ली, लेकिन उसे कभी पूर्ण बहुमत नहीं मिला. साल 2018 में महज आधा फीसदी यानी 1 लाख 45 हजार वोटों से ही बीजेपी पीछे रही थी. 

सरकार योजनाओं पर काम के बजाय विवाद कर रही 

वसुंधरा राजे सिंधिया ने आगे कहा कि कांग्रेस सरकार के अब साल नहीं, बल्कि दिन बचे हैं. उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री और उप मुख्यमंत्री में बोलचाल नहीं है. मंत्री-मंत्री और मंत्री-अधिकारी आपस में लड़ रहे हैं. जनता के आंसू पोंछने से इन्हें कोई मतलब नहीं है. ईआरसीपी का जिक्र करते हुए उन्होंने कहा कि उनकी सरकार में पूर्वी राजस्थान के लिए अच्छी योजनाएं बनाई गई थीं, लेकिन उन योजनाओं पर काम करने के बजाय कांग्रेस की सरकार ने उसको विवादों में डाल दिया.