यूक्रेन में फंसे भारतीय छात्रों के साथ मारपीट, एक का हाथ टूटा, Rahul Gandhi बोलें "हम अपनों को ऐसे नहीं छोड़ सकते"

कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने इस वीडियो को शेयर कर केंद्र सरकार को जमकर फटकार लगाई है. राहुल गांधी ने ट्वीट कर कहा कि हम अपने नागरिकों को ऐसे नहीं छोड़ सकते हैं.

यूक्रेन में फंसे भारतीय छात्रों के साथ मारपीट, एक का हाथ टूटा, Rahul Gandhi बोलें
मारपीट की तस्वीर

रशिया और यूक्रेन की जंग लगातार जारी है इसी बीच यूक्रेन में फंसे भारतीय मेडिकल छात्रों के साथ मारपीट और हिंसा का एक वीडियो सामेन आया है. कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने इस वीडियो को शेयर कर केंद्र सरकार को जमकर फटकार लगाई है. राहुल गांधी ने ट्वीट कर कहा कि हम अपने नागरिकों को ऐसे नहीं छोड़ सकते हैं. साथ ही राहुल गांधी ने यूक्रेन में फंसे मेडिकल छात्र और छात्राओं के प्रति अपनी संवेदना जाहिर की है और कहा कि किसी भी माता-पिता को इस पीड़ा से नहीं गुजरना चाहिए. राहुल गांधी ने कहा कि भारत सरकार को इन्हें जल्द से जल्द वहां से निकालने का प्लान शेयर करना चाहिए. सरकार को ये प्लान उन स्टूडेंट्स को भी बताना चाहिए, साथ ही उनके माता पिता के साथ भी शेयर करना चाहिए.

राहुल गांधी ने वीडियो को शेयर करते हुए लिखा-  "इस तरह की हिंसा झेल रहे भारतीय छात्रों और इन वीडियो को देखने वाले उनके परिवार के प्रति मेरी संवेदना है. किसी भी अभिभावक को इससे नहीं गुजरना चाहिए. भारत सरकार को तत्काल इन्हें वहां से निकालने का विस्तृत प्लान फंसे हुए लोगों के साथ-साथ उनके परिवारों के साथ साझा करना चाहिए. हम अपनों को नहीं छोड़ सकते हैं.

बता दें यूक्रेन में फंसे भारतीय छात्र और छात्राएं वहां से किसी भी तरह से बाहर निकलना चाहते हैं लेकिन उन्हें काफी मुश्किलों का सामना करना पड़ रहा है. कई स्टूडेंट्स बॉर्डर पर अटके पड़े हैं. सरकार उन तक पहुंचने की पूरी कोशिश कर रही है लेकिन बमबारी और रूसी गोलों की वजह से उन तक नहीं पहुंच पा रही है.

मारपीट में एक छात्र का हाथ टूटा

वहीं इसी बीच पोलैंड जा रहे भारतीय स्टूडेंट्स के दल पर हमला बोला गया. ये छात्र फतेहाबाद के रहने वाले हैं. खबरों के मुताबिक मारपीट में एक छात्र का हाथ टूट गया है. वहीं पीएम मोदी से अपील करते हुए फतेहाबाद के छात्रों ने वीडियो शेयर किया है. हमले का शिकार हुए स्टूडेंट्स का कहना है कि हमला करने वाले यूक्रेनी सैनिक थे, भारत द्वारा यूक्रेन का युद्ध में साथ नहीं देने पर ये सैनिक गुस्सा जाहिर कर रहे थे.