निकिता हत्याकांड में कोर्ट ने लिया बड़ा फैसला, मुख्य आरोपी तौसीफ और दोस्त रेहान दोषी करार
निकिता तोमर मर्डर केस में फरीदाबाद की फस्ट्रैक कोर्ट ने एक बड़ा फैसला लिया है. इस केस के मुख्य आरोपी तौसीफ और उसके दोस्त रेहान को हत्या का दोषी करार दिया है.

निकिता तोमर मर्डर केस में फरीदाबाद की फस्ट्रैक कोर्ट ने एक बड़ा फैसला लिया है. इस केस के मुख्य आरोपी तौसीफ और उसके दोस्त रेहान को हत्या का दोषी करार दिया है. इस सजा पर अब शुक्रवार के दिन बहस होगी.
निकिता मर्डर केस में दोनों आरोपियों को आईपीसी की धारा 302, 34, 120B, 366, 511 के तहत दोषी करार दिया गया है. वही, इस मामले में तीसरे आरोपी अजहरुद्दीन को बरी कर दिया गया है. उस पर मुख्य आरोपी तौसीफ को हथियार सप्लाई करने का आरोप लगा था.
निकिता के साथ जो ये अपराध की घटना घटी थी उसकी आग साल 2018 को सबसे पहले भड़कती हुई नजर आई थी. दरअसल निकिता के हत्या के आरोपियों में से एक तौसीफ से रिमांड पर पूछताछ की गई तो उसने कई राज खोले. पुलिस सूत्रों की माने तो तौसीफ ने खुद ये बताया था कि साल 2018 में उसने निकिता का किडनैप शादी करने के इरादे से किया था.
अपमान की आग में जल रहा था तौसीफ
तौसीफ निकिता को स्कूल के वक्त से उसे पसंद किया करता था और उससे शादी करना चाहता था. इसी के चलते वो निकिता को किडनैप करके मथुरा लेकर चला गया था लेकिन बीच में ही पुलिस ने उसे धर दबोचा और बाद में उसके परिवार के साथ-साथ पूरे समाज में काफी बदनामी हुई थी. साथ ही आरोपी और उसके पूरे परिवार को निकिता के परिवार से माफी तक मांगनी पड़ी थी. ये बात तौसीफ भूला नहीं पा रहा था। इसके बाद भी तौसीफ की यहीं प्लानिंग थी कि किडनैप करके निकिता संग शादी करना. यही वजह थी कि उसने निकिता के साथ अग्रवाल कॉलेज के गेट पर जबरदस्त करते हुए कार में डालने की कोशिश की और जब निकिता ने इसका विरोध किया तो उसने गोली चला दी जिससे निकिता की जान चली गई.
नाम छिपाकर की थी निकिता से दोस्ती
वही निकिता की सहेली भी कई सारे राज खोलती हुई नजर आई थी. उन बातों तक का खुलासा किया जिसकी उम्मीद किसी को भी नहीं थी. दरअसल आरोपी तौसीफ ने अंकित बताकर निकिता से दोस्ती की थी ताकि दोस्ती की जो शुरुआत हो रही है उसमें धर्म बीच में न आए लेकिन इस राज से पर्दा तब उठा जब तौसीफ को उसके ही एक दोस्त ने स्कूल में उसके असली नाम से बुलाया था वह स्कूल में निकिता से सीनियर था और हमेशा इसी ताक में रहता था कि निकिता संग उसकी कैसे भी करके दोस्ती हो जाए.