NCP Political Crisis : अजित पवार के शपथ समारोह में शामिल होने वाले 2 विधायकों का यूटर्न, बोले- बिन बताए लिए गए हस्ताक्षर

Maharastra Political Crisis: एनसीपी से अजित पवार और 40 विधायकों की बगावत के बाद एनसीपी चीफ अब एक्शन में दिख रहे हैं. एनसीपी ने बागी अजित पवार और 8 अन्य विधायकों को अयोग्य घोषित करने के लिए विधानसभा अध्यक्ष को पत्र भेजा है.

NCP Political Crisis : अजित पवार के शपथ समारोह में शामिल होने वाले 2 विधायकों का यूटर्न, बोले- बिन बताए लिए गए हस्ताक्षर
महाराष्ट्र उपमुख्यमंत्री अजित पवार

Maharashtra Political Crisis: महाराष्ट्र की राजनीति में रविवार को हुए बड़े उलट फेर में अब यू टर्न का सिलसिला शुरु हो चुका है. अजित पवार के साथ NCP से बगावत करने वाले दो विधायकों ने घर वापसी कर ली है. इसे अजित पवार (Ajit Pawar) को बडे़ झटके के रुप में देखा जा रहा है. अजित पवार (Ajit Pawar) के समर्थक विधायक दिलीप मोहिते पाटिल ने दल बदल के एक दिन बाद ही उन पर बड़ा आरोप लगा दिया. उन्होंने कहा कि विधायकों को बिना बताए ही कल हस्ताक्षर लिए गए थे. हम उनके इस कदम से सहमत नहीं हैं. 

एक्शन मोड़ में शरद पवार 

उधर, राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (NCP) से बागी हुए अजित पवार (Ajit Pawar) पर अब शरद पवार ( Sharad Pawar)  एक्शन लेने के मूड में दिख रहे हैं. एनसीपी ने बागी अजित पवार और 8 अन्य विधायकों को अयोग्य घोषित करने के लिए विधानसभा अध्यक्ष राहुल नार्वेकर को पत्र भेजा है. इसी के साथ चुनाव आयोग को एक मेल भी भेजा गया है, जिसमें कहा गया है कि एनसीपी की बागडोर इस समय पार्टी प्रमुख शरद पवार (Sharad Pawar) के हाथ में ही है. गौरतलब  है कि बीते दिन रविवार को अजित पवार (Ajit Pawar) अपने समर्थन वाले 40 विधायकों के साथ शिंदे सरकार में शामिल हो गए थे.

'मेरे लिए यह घटना नई नहीं': शरद पवार 

वहीं, एनसीपी चीफ शरद पवार (Sharad Pawar) ने एक प्रेस कॉफ्रेंस किया है. उन्होंने कहा कि यह घटना मेरे लिए नई नहीं है. मेरे पास पहले भी विधायकों के जाने के 2-3 पुराने अनुभव हैं. आगे नतीजे अच्छे होंगे. इससे पहले शरद पवार ने सतारा के कराड में शक्ति प्रदर्शन किया था. जहां एनसीपी चीफ ने समर्थकों को संबोधित किया. उन्होंने कहा, हम उद्धव ठाकरे के नेतृत्व में महाराष्ट्र की सेवा कर रहे हैं लेकिन कुछ लोगों ने हमारी सरकार गिरा दी. देश के कुछ अन्य हिस्सों में भी ऐसा ही हुआ. आज देश में कुछ समूहों द्वारा जाति और धर्म के नाम पर समाज के बीच दरार पैदा की जा रही है. हमें एकजुट रहने की जरूरत है. हम महाराष्ट्र को मजबूत किए बिना नहीं रुकेंगे.

5 जुलाई को होगी सभा 

वहीं,  NCP नेता जितेंद्र आव्हाड ने कहा, हमने कल ही डिस्क्वालिफिकेशन याचिका (Disqualification petition) दायर की है. 5 जुलाई को जो सभा होने वाली है हमें पूरी उम्मीद है कि बहुमत शरद पवार के पक्ष में खड़ी रहेगी. शरद पवार को कुछ नहीं पता था, सभी ने शरद पवार से कहा था हम नहीं करेंगे.

कौन होगा विरोधी दल का नेता?

NCP नेता उमेश पाटिल ने सदन में विरोधी दल के नेता के सवाल पर कहा कि, NCP की बैठक 5 तारीख को बुलाई गई है. जिसमें सभी कार्यकर्ता आएंगे. यह कार्यकर्ता के ऊपर निर्भर करता है कि वे किस बैठक में शामिल होंगे. अजीत पवार ने कार्यकर्ताओं को बुलाया है. सबसे ज़्यादा विधायक जिस गुट के पास रहेंगे उसका विरोधी पक्ष का नेता होगा. शरद पवार ने जो भी कुछ कहा है हम उस पर टिप्पणी नहीं करेंगे, शरद पवार ( Sharad Pawar) हमारे लिए भगवान हैं. 

विपक्षी नेताओं के बयान

महाराष्ट्र में चल रही सियासी उठा पटक पर राजद प्रमुख और बिहार के पूर्व मुख्यमंत्री लालू प्रसाद यादव (Lalu Prasad yadav) की प्रतिक्रिया सामने आई है. उन्होंने कहा, शरद पवार ( Sharad Pawar) पर को असर नहीं पड़ने वाला है. शरद पवार एक हैसियत हैं. एक ताकत हैं. उस ताकत को नरेंद्र मोदी ने हिलाने की कोशिश की, सब फेल हो जाएंगे.

'संविधान और लोकतंत्र की धज्जियां उड़ाई जा रही है': महबूबा मुफ्ती 

PDP प्रमुख महबूबा मुफ्ती ने कहा कि, आप (पीएम) कहते हैं कि NCP के लोग ही सबसे ज्यादा भ्रष्ट हैं और बाद में आप उन्हें अपने पार्टी में शामिल कर रहे हैं तो आप संविधान की धज्जियां तो उड़ा ही रहे हैं. इसके साथ ही लोकतंत्र की भी धज्जियां उड़ा रहे हैं. इससे विपक्ष की एकता कम नहीं होगी बल्कि और बढ़ेगी. जिनको आप कल तक भ्रष्ट बोलते थे आज सरकार बनाने के लिए उन्हें अपनी पार्टी में शामिल कर रहें. इनकी करनी और कथनी में बहुत अंतर है.  

भूपेश बघेल का बयान 

 महाराष्ट्र की राजनीति पर छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने कहा, केंद्रीय एजेंसी के माध्यम से शिवसेना को तोड़ा. शिवसेना में आधा दर्जन से अधिक नेता थे जिनके खिलाफ केंद्रीय एजेंसी जांच कर रही थी. सभी लोग उनके(भाजपा) साथ गए तो अब जांच बंद हो गई. अभी कुछ दिन पहले ही NCP के नेता के घर छापा पड़ा, वो जैसे ही NCP छोड़कर आए तो उन्हें मंत्रिमंडल में जगह मिल गई.