Nehru Memorial Museum Name Change: दिल्ली के नेहरू मेमोरियल का नाम बदल दिया है. नेहरू मेमोरियल को अब पीएम मेमोरियल के नाम से जाना जाएगा. नाम बदलने को लेकर कांग्रेस ने केंद्र सरकार पर जुबानी हमला बोला है. कांग्रेस ने कहा कि नाम में बदलाव प्रतिशोध और संकीर्णता का नतीजा है. बता दें पूर्व पीएम जवाहर लाल नेहरू के आधिकारिक निवास तीन मूर्ति परिसर में प्रधानमंत्री संग्रहालय का उद्घाटन करने के लगभग एक साल बाद नेहरू का नाम परिसर से हटा दिया गया.
15 जून की बैठक के बाद लिया गया फैसला
सूत्रों के मुताबिक गुरुवार को एक विशेष बैठक हुई. इस बैठक की अध्यक्षा रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह कर रहे थे. इसी बैठक में नेहरू मेमोरियल के नाम बदलने के फैसले पर मुहर लग गई. बताते चलें राजनाथ सिंह नेहरू मेमोरियल म्यूजियम एंड लाइब्रेरी के उपाध्यक्ष हैं. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी इसके अध्यक्ष हैं. इसके अलावा इस अमित शाह, निर्मला सीतारमण समेत 29 सदस्य सोसाइटी में और शामिल हैं.
कांग्रेस नेता जयराम रमेश की प्रतिक्रिया
वहीं, केंद्र के इस फैसले की कांग्रेस ने आलोचना की है. कांग्रेस नेता जयराम रमेश ने ट्वीट कर लिखा कि, संकीर्णता और प्रतिशोध का दूसरा नाम मोदी है. 59 वर्षों से अधिक समय से नेहरू स्मारक संग्रहालय और पुस्तकालय एक वैश्विक बौद्धिक ऐतिहासिक स्थल और पुस्तकों एवं अभिलेखों का खजाना रहा है. अब से इसे प्रधानमंत्री म्यूजियम और सोसायटी कहा जाएगा. पीएम मोदी भारतीय राष्ट्र-राज्य के शिल्पकार के नाम और विरासत को विकृत करने, नीचा दिखाने और नष्ट करने के लिए क्या नहीं करेंगे. अपनी असुरक्षाओं के बोझ तले दबा एक छोटे कद का व्यक्ति स्वघोषित विश्वगुरु बना फिर रहा है.
बीजेपी ने इससे पहले भी बदले कई नाम
बता दें कि 2014 में बीजेपी की केंद्र में सरकार बनने के बाद से कई जगहों के नाम बदल दिए गए हैं. इससे पहले बीजेपी राजपथ को कर्तव्य पथ कर दिया था. वहीं मुगल गार्डन का नाम बदल कर अमृत उद्यान कर दिया गया था. मुगल गार्डन का नाम बदलने के बाद सभी विपक्षी पार्टीयों ने बीजेपी पर जमकर निशाना साधा था.